menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
द्रोण पर्व
अध्याय ६९
chevron_left
chevron_right
सञ्जय़ उवाच
अत्र वुद्ध्या समीक्षस्व किं नु कार्यमनन्तरम् |  ५   क
अर्जुनस्य विघाताय़ दारुणेऽस्मिञ्जनक्षय़े ||  ५   ख
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति