menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
सभा पर्व
अध्याय ५३
chevron_left
chevron_right
दुर्योधन उवाच
अहं दातास्मि रत्नानां धनानां च विशां पते |  १५   क
मदर्थे देविता चाय़ं शकुनिर्मातुलो मम ||  १५   ख
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति