menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
मौसल पर्व
अध्याय ५
chevron_left
chevron_right
वैशम्पाय़न उवाच
सर्वं हि तेन प्राक्तदा वित्तमासी; द्गान्धार्या यद्वाक्यमुक्तः स पूर्वम् |  १७   क
दुर्वाससा पाय़सोच्छिष्टलिप्ते; यच्चाप्युक्तं तच्च सस्मार कृष्णः ||  १७   ख
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति