menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
शल्य पर्व
अध्याय ३५
chevron_left
chevron_right
वैशम्पाय़न उवाच
ततस्तां वीरुधं सोमं सङ्कल्प्य सुमहातपाः |  ३३   क
ऋचो यजूंषि सामानि मनसा चिन्तय़न्मुनिः |  ३३   ख
ग्रावाणः शर्कराः कृत्वा प्रचक्रेऽभिषवं नृप ||  ३३   ग
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति