menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
वन पर्व
अध्याय १५४
chevron_left
chevron_right
वैशम्पाय़न उवाच
वर्तमाने तदा ताभ्यां वाहुय़ुद्धे सुदारुणे |  ४२   क
माद्रीपुत्रावभिक्रुद्धावुभावप्यभ्यधावताम् ||  ४२   ख
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति